Facebook 0 Twitter 0 WhatsApp Print 0Shares पब्लिक न्यूज़ आसनसोल रिकी बाल्मीकि:– आसनसोल, पश्चिम बंगाल आसनसोल दुर्गापुर पुलिस के साईबर थाना पुलिस को एक बड़ी क़ामयाबी हाँथ लगी है, बीते 16 जनवरी को आसनसोल साऊथ थाना अंतर्गत रहने वाले चंचल बंधोंपाध्याय ने आसनसोल के साईबर थाना पहुँचकर एक शिकायत दर्ज करवाई थी, जिस शिकायत मे पीड़ित चंचल ने अपने साथ करीब एक करोड़ तीन लाख रुपए साईबर ठगों द्वारा ठगे जाने की बात कही थी, जिस शिकायता मे चंचल ने यह लिखा था की उनको दस जनवरी को दिल्ली के साईबर थाना और दिल्ली के एक सिबिआई अधिकारी द्वारा फोन कॉल आया जिसमे उनको यह बताया गया की उनके नाम पर एक पार्शल है, जिस पार्शल मे कुछ अवैध सामान है, जिस पार्शल को मंगवाने मे उनके आधार कार्ड का इस्तेमाल किया गया है, ऐसे मे इस मामले मे उनकी संलिप्तता बताई जा रही है, जिसमे उनको गिरफ्तार किया जा सकता है, करीब 16 जनवरी तक उनको लगातार फोन कॉल करके उनको गिरफ़्तारी का भय दिखाकर उनसे दो बैंक अकाउंटों मे करीब एक करोड़ तीन लाख रुपए ठगी कर लिये गए, आसनसोल साईबर पुलिस के सामने डिजिटल आरेस्ट का यह मामला पहला था और साथ ही काफी चुनौतीपूर्ण था, वह इस की यह मामला अंतराज्य मामला दिख रहा था, साईबर पुलिस मामले को दर्ज तो कर ली पर उनको यह विश्वास नही था की वह मामले का भांडाफोड़ कर लेगी और फिर मामले की तहकीकात की शुरुआत हुई साईबर पुलिस ने पीड़ित चंचल के उस बैंक अकाउंट को अपने थाने मंगवाया जिस अकाउंट से पैसे ट्रांसफर किए गए हैं, जिस अकाउंट को पुलिस ने जब जाँच की तो यह देखा की सिलीगुड़ी के एक आईसीआईसीआई बैंक के अकाउंट मे 68 लाख रुपए ट्रांसफर किये गए हैं, जिसका पुलिस ने केवाईसी डिटेल्स निकलवाया, जिसमे पुलिस को एक मोबाईल नंबर हाँथ लगी जिस मोबाईल नंबर का लोकेशन जब पुलिस ने देखा तो वह लोकेशन कोलकाता के एक होटल मे बता रहा था, जिसके बाद साईबर पुलिस ने अपनी जाँच को आगे बढ़ाते हुए कोलकाता के उस होटल तक पहुँची और उस होटल से मामले मे एक पहले व्यक्ति की गिरफ़्तारी की जिससे पूछताछ के बाद कोलकाता से ही दूसरी गिरफ़्तारी हुई, दोनों से जब मामले मे पूछताछ शुरू हुई तो पुलिस को दो और अकाउंट का पता चला जिस अकाउंट को पुलिस ने फ्रिज कर दिया, वहीं दोनों साईबर ठगों की निशांदेही पर कोलकाता जगदल इलाके से ही चार और अन्य लोगों की गिरफ़्तारी की गई, मामले मे कुल 6 लोगों की हुई गिरफ़्तारी के बाद साइबर पुलिस को सात और बैंक अकाउंट का पता चला जिन बैंक अकाउंटों को भी फ्रिज कर दिया गया, वहीं उनकी निशांदेही पर यह पता चला की मामले के मास्टर माइंड दिल्ली मे बैठे हुए हैं, जिसके बाद साईबर पुलिस की एक टीम दिल्ली के लिये रवाना हुई जहाँ से टीम ने तीन और लोगों को गिरफ्तार किया, मामले मे हुई 9 लोगों की गिरफ़्तारी के बाद जब आरोपियों से पूछताछ हुई और उनका जो बयान सामने आया उस बयान को सुन साईबर थाना पुलिस के हर एक अधिकारी के कान खड़े हो गए, उनको उनके खुदके इस कार्य पर बिस्वास नही हो पा रहा था की उन्होंने अपने साईबर थाना मे दर्ज डिजिटल आरेस्ट के पहले मामले मे कितनी बड़ी कामयाबी हासिल कर ली है, आसनसोल दुर्गापुर साइबर पुलिस ने अपने पहले डिजिटल आरेस्ट मामले मे एक अंतराष्ट्रीय गिरोह का पर्दा फास कर दिया था जो पश्चिम बंगाल पुलिस के लिये एक बड़ी क़ामयाबी ही नही बल्कि काफी गर्व की बात थी फिलहाल मामले की छानबीन कर रहे आसनसोल दुर्गापुर पुलिस के डीसी हेडक्वाटर अरबिंद कुमार आनंद, एसीपी साइबर बिस्वाजीत नस्कर, एडीसीपी साइबर सैदुल हक, आई सी बिश्वजीत मुख़र्जी ने मामले मे से जुड़े अन्य तमाम लोगों को जल्द से जल्द गिरफ्तार करने की बात तो कही ही है साथ मे देश से लेकर विदेशों तक फैले उनके तमाम नेटवर्क का खुलासा करने का भी दावा किया है। Facebook 0 Twitter 0 WhatsApp Print 0Shares Post navigation यूनाइटेड क्लब द्वारा भव्य पूजा पंडाल का निर्माण कर मां सरस्वती की काफी मनमोहक प्रतिमा स्थापित की गई है। शुक्रवार की शाम काफी धूमधाम के साथ पूजा पंडाल का उद्घाटन किया गया। इस अवसर पर आयोजित उद्घाटन समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में तृणमूल राज्य सचिव ईसीएल के छोटे ठेकेदारों ने आज संस्था के मुख्यालय सांकतोडिया में धरना प्रदर्शन किया